देश की राजधानी दिल्ली की मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता की विधानसभा शालीमार बाग से दो नाबालिग बच्चियों के लापता होने पर आम आदमी पार्टी ने भाजपा को आड़े हाथ लिया है। ‘‘आप’’ के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज ने दिल्ली के लोगों को सावधान करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री की विधानसभा में भी बच्चियां सुरक्षित नहीं है। गुरुवार को सीएम रेखा गुप्ता की विधानसभा शालीमार बाग से दो नाबालिग लड़की गायब हुई। पहली नाबालिग लड़की ट्यूशन पढ़ने गई थी। उसको किसी गिरोह ने नशा सूंघा कर अगवा करने की कोशिश की। किसी तरह लड़की को होश आ गया और कुछ लोगों की मदद से वो घर पहुंच गई। वहीं, दूसरी नाबालिग लड़की स्कूल गई थी, लेकिन वापस नहीं आई और अभी तक उसका पता नहीं चला है। दिल्लीवालों से अपील है कि वो अपने बच्चों का ध्यान रखें।
उधर, गिरोह के चंगुल से किसी तरह बच कर घर लौटी बच्ची की जानकारी मिलने पर ‘‘आप’’ कार्यकर्ता भी पीड़ित परिवार से मिलने पहुंचे। इस दौरान ‘‘आप’’ कार्यकर्ता ने बताया कि छात्रा सुबह 9 बजे कोचिंग गई थी। वह एक बहादुर बेटी थी। कुछ लोगों ने उसे बहकाकर रुमाल से नशीला पदार्थ सुंघा दिया, जिसके बाद उसे होश नहीं रहा। इसके बाद उसे रिक्शे पर बैठा लिया गया। फिर भी उसने किसी तरह शोर मचाया और बचाओ-बचाओ की गुहार लगाई।
कार्यकर्ता ने बताया कि बच्ची की आवाज सुनकर आसपास खड़े लोगों ने रिक्शे वाले को धमकाया तो वह भाग गया। वही लोग बच्ची को सुरक्षित घर तक छोड़ आए। बच्ची की किस्मत अच्छी थी कि वह घर वापस आ गई, लेकिन पूरी दिल्ली और आसपास के क्षेत्र में किसी के साथ भी ऐसी घटना हो सकती है। ऐसे में सतर्क और जागरूक रहने की जरूरत है। दिल्ली पुलिस को बच्चों, बुजुर्गों और लड़कियों को उठाने वाले गिरोह के खिलाफ सख्त कार्रवाई करनी चाहिए, ताकि देश की राजधानी में बच्चे सुरक्षित रहें।
नाबालिग बच्ची की मां ने कहा कि उनकी बेटी को नशीला पदार्थ देकर नशे की हालत में रोहिणी की तरफ ले जाया गया था। जब बेटी का नशा थोड़ा कम हुआ तो उसने ‘अंकल बचाओ-बचाओ’ की आवाज लगाई। जिस व्यक्ति ने बेटी को बचाया, उसी ने बेटी को घर तक छोड़ा। मां ने सभी पैरेंट्स से अपने बच्चों का ख्याल रखने की अपील करते हुए कहा कि वे खुद अपनी बेटियों को कोचिंग छोड़ने जाएं और खुद ही वापस लेकर आएं।
गौरतलब है कि देश की राजधानी में 1 से 15 जनवरी के बीच 800 से अधिक लोग गायब हो चुके हैं। गायब होने वालों में ज्यादातर महिलाएं और बच्चे हैं। इतनी बड़ी तादात में पहले कभी भी दिल्ली से लोग गायब नहीं हुए हैं। इन आंकड़ों पर आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने भी चिंता जताई है और दिल्ली के हालात को बेहद डरावने वाला बताया है